टीबी उन्मूलन मामले में युवाओं की सक्रिय भागीदारी अत्यंत महत्वपूर्ण : प्राचार्य डॉ. दिवाकर प्रसाद
*बी. डी. कॉलेज, पटना में एनसीसी कैडेटों ने चलाया टीबी उन्मूलन जागरूकता अभियान*
बी. डी. कॉलेज, पटना की एनसीसी इकाई ने क्षय रोग उन्मूलन जागरूकता अभियान कार्यक्रम को ऊर्जा प्रदान की। कॉलेज के इस आयोजित कार्यक्रम में पेंटिंग-पोस्टर प्रतियोगिता एवं स्लोगन लेखन प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इसमें एनसीसी कैडेटों ने उत्साहवर्धन के साथ बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।
कार्यक्रम का मक़सद था, आमजन को यह संदेश देना कि टीबी पूरी तरह से इलाज संभव है। इसे समय पर जांच, नियमित दवा और उचित पोषण के माध्यम से पूरी तरह ठीक किया जा सकता है। कैडेटों ने अपने आकर्षक पोस्टरों एवं प्रभावशाली स्लोगनों के माध्यम से लोगों को टीबी के कारण, लक्षण, बचाव एवं उपचार की जानकारी दी। साथ ही समाज में टीबी को लेकर फैली भ्रांतियों और भेदभाव को समाप्त करने का संदेश भी दिया।

कैडेटों ने अपने स्लोगनों के माध्यम से टीबी से प्रभावित लोगों के प्रति सहानुभूति रखने, भेदभाव न करने तथा सही जानकारी के प्रचार-प्रसार की अपील की। इस कार्यक्रम के दौरान उन्होंने यह भी संदेश दिया कि टीबी उन्मूलन केवल सरकार की नहीं, बल्कि समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है।
कार्यक्रम के दौरान कैडेटों के तैयार किए गए पोस्टरों एवं स्लोगनों का अवलोकन महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. दिवाकर प्रसाद एवं अन्य शिक्षकों ने किया।

इस अवसर पर प्राचार्य एनसीसी कैडेटों के इस सराहनीय प्रयास की प्रशंसा करते हुए कहा कि टीबी उन्मूलन के लक्ष्य को प्राप्त करने में युवाओं की सक्रिय भागीदारी अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के जागरूकता कार्यक्रम समाज में स्वास्थ्य संबंधी चेतना विकसित करने में अहम किरदार निभाते हैं।
कार्यक्रम में डॉ. अमित कुमार (बरसर ), डॉ. विशाल विजय, कार्यक्रम पदाधिकारी (राष्ट्रीय सेवा योजना ), डॉ. बिनोद कुमार, डॉ. शत्रुघ्न शरण सिंह, डॉ. राजीव कुमार, ले. राहुल कुमार सिंह सहित महाविद्यालय के अन्य शिक्षक एवं छात्र -छात्रा उपस्थित रहे।
ब्यूरो रिपोर्ट दूसरा मत
